
कोरबा। वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग ने जंगल माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए कोरबा वनमंडल के बालको वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम सतरेंगा में व्यापक छापामार अभियान चलाया। मुखबिर से अवैध वनोपज भंडारण की सूचना मिलने पर 55 अधिकारियों एवं कर्मचारियों की संयुक्त टीम ने छह अलग-अलग ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन अंजाम दिया।
यह कार्रवाई वनमंडलाधिकारी प्रेमलता यादव के आदेश एवं उपवनमंडलाधिकारी सूर्यकांत सोनी के निर्देशन में की गई। अभियान का नेतृत्व वन परिक्षेत्र अधिकारी जयंत सरकार एवं नवपदस्थ अधिकारी देवव्रत सिन्हा ने किया।
सर्च वारंट के आधार पर टीम ने ग्राम सतरेंगा के छह मकानों में दबिश दी, जहां व्यापारिक उद्देश्य से अवैध रूप से संग्रहित बीजा, साल, हल्दू सहित अन्य प्रजातियों की लकड़ी का चिरान बरामद किया गया।
कार्रवाई के दौरान जगत निर्मलकर के घर से 254 नग, महेत्तर सिंह से 73 नग, घासीराम से 18 नग, लच्छीराम से 10 नग तथा भगत राम से 4 नग लकड़ी के चिरान जब्त किए गए। कुल 359 नग चिरान जब्त किए गए, जिनकी मात्रा लगभग 5.405 घनमीटर आंकी गई है। जब्त सामग्री का अनुमानित बाजार मूल्य लगभग 4.25 लाख रुपये बताया गया है।
पूरी कार्रवाई पुलिस बल एवं वन विभाग की संयुक्त टीम द्वारा शांतिपूर्वक संपन्न की गई। अभियान में बालको, कोरबा एवं लेमरू परिक्षेत्र के अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे। मामले में वन अधिनियम के तहत आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं संयुक्त वन प्रबंधन समिति के सदस्यों ने भी अभियान में सहयोग किया। वहीं, ग्रामीणों ने वन विभाग की इस कार्रवाई की सराहना की है।
